हिंदी कविता

सुबह तु मेरी शाम भी तु

subah-tu-meri

सुबह तु मेरी शाम भी तुसवेरा तु मेरा रात भी तु ख़ामोशी तु मेरी बात भी तुमासूमी तु मेरी शरारत भी तु दुरी तु मेरी साथ भी तुख्वाब तु मेरा हकीक़त भी तु ख्वाहिश तु मेरी हसरत भी तुआरजू तु…

पुढे वाचासुबह तु मेरी शाम भी तु

मेरी जिंदगी एक किताब पन्नों की

meri-zindagi-ek-kitab

मेरी जिंदगी एक किताब पन्नों की कुछ पन्ने खुशियोंकी स्याही से लिखे हुएप्यार की भाषा में सिमटे हुएयादों के अक्षरों से सजे हुएविश्वास के रंग से रंगे हुएएक अटूट बंधन से जुड़े हुएमेरे दोस्तों की दोस्ती के गुज़रते हुए लम्हों…

पुढे वाचामेरी जिंदगी एक किताब पन्नों की

के नैना तरस गए

ke-naina-taras-gaye

कभी तो नजर आओ हमेके नैना तरस गएकभी तो खिलने दो बहारेके बादल बरस गए जो तुम्हे देखू तो मिलता सुकूनजो तुम देखो मेरी तरफ तो कही और न देखूपर कभी तो नजरे मिलाओ नजरोँ सेके नैना तरस गए जो…

पुढे वाचाके नैना तरस गए